डेढ़ साल के मासूम को पटक पटककर मार डालने वाले आरोपी को पछतावा हो रहा। अब वह फोन करके पैसों की दम पर केस को रफा दफा करने की मिन्नते कर रहा है। फिलहाल पुलिस ने आरोपी मो मुठभेड़ में गिरफ्तार कर लिया है। उसके दोनों पैरों में गोली लगी है।
फिरोजाबाद के शिकोहाबाद की यादव कॉलोनी में डेढ़ साल के मासूम आरव की बेरहमी से हत्या करने वाले आरोपी विराज उर्फ जितेंद्र पाठक का एक ऑडियो पीड़ित परिवार ने पुलिस के साथ साझा किया है। इस ऑडियो में साफ सुना जा सकता है कि वारदात को अंजाम देकर भागने के बाद आरोपी पुलिस कार्रवाई से बचने के लिए पीड़ित परिवार के सामने रुपयों का प्रलोभन दे रहा था और मामले को रफा-दफा करने की मिन्नतें कर रहा था। यह फोन कॉल आरोपी विराज ने मृत बच्चे की मां रती के नोएडा (सेक्टर-44) निवासी मौसा पंकज शर्मा को किया था। लगभग सवा दो मिनट के इस ऑडियो में आरोपी लगातार अपनी गलती स्वीकार करते हुए मदद की गुहार लगा रहा है। ऑडियो में आरोपी विराज कहता है, मुझसे गलती हुई है, मैं अपनी गलती मानता हूं। लेकिन अगर यह पुलिस केस का मामला सामने आया, तो फिर बहुत से मामले सामने आ जाएंगे, जिससे बाद में आपको भी परेशानी होगी। जब मौसा पंकज शर्मा ने उसे डांटते हुए पूछा कि तुम यह धमकी किसे दे रहे हो, तो आरोपी डरते हुए बोला, मैं धमकी नहीं दे रहा, सच बता रहा हूं। प्लीज आप मेरी मदद कीजिए। मेरे पास नगद 20-21 लाख रुपये घर पर रखे हैं, मैं इस मामले में वह पूरा पैसा छोड़ने को तैयार हूं। बातचीत के दौरान जब मौसा पंकज शर्मा ने उससे तीखे सवाल किए कि जब हादसा हुआ तो तुम उस जगह से भाग क्यों रहे हो? तुम बच्चे को साथ लेकर गए थे, तो तुम उसे छोड़कर क्यों भागे? इस पर शातिर आरोपी ने अपनी हैवानियत को छुपाने के लिए इसे हादसे का रूप देने की कोशिश की। उसने कहा, वह एक एक्सीडेंट था मौसा जी, जो होना था वह हो गया। जब उससे पूछा गया कि अगर एक्सीडेंट था तो तुम्हें चोट क्यों नहीं आई, तो उसने खुद को भी चोट लगने का झूठा दावा किया। ऑडियो में आरोपी अपनी जान पहचान का रौब दिखाते हुए यह भी कहता है कि उसे किसी विधायक या मंत्री से मदद मांगने की जरूरत न पड़े, इसलिए मौसा जी आप ही बीच में पड़कर मामला संभाल लीजिए। उसने यह भी कहा कि वहां खड़े रहना बेवकूफी होती और यह पूरा इलाका उसी के क्षेत्र में आता है। हालांकि, इस बातचीत के कुछ ही घंटों बाद मुस्तैद फिरोजाबाद पुलिस ने भुड़ा भरतरा रोड पर हुई मुठभेड़ के दौरान आरोपी के दोनों पैरों में गोली मारकर उसे सलाखों के पीछे पहुंचा दिया।