दहेज हत्या के मामले में पुलिस ससुर को भी गिरफ्तार कर लिया है। गिरफ्तार करने के बाद उसे जेल भेज दिया है।
जानकारी के अनुसार शहर के बाबूलाल चौराहा निवासी 35 सना पत्नी जमील अहमद विगत 31 मार्च की भोर संदिग्ध परिस्थियो में आग लग जाने से झुलस गई थी। देखते ही देखने आग ने विकराल रूप धारण कर लिया। पत्नी को जलता देख 38 वर्षीय पति जमील अहमद और 6 वर्षीय बेटी अरीफा बचाने पहुंची तो वह भी झुलस गए थे। शोर गुल सुनकर पड़ोसी पहुंच गए। पड़ोसियों ने आग बुझाने का प्रयास किया। इसी बीच आग बेकाबू हो गई। सूचना पर पहुंची दमकल ने जब तक आग पर काबू पाया तब तक सना की जिंदा जल कर मौत हो गई। पति और बेटी दोनों गंभीर रूप से झुलस गए। दोनों को उपचार के लिए जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया है। मृतका के पति का कहना है कि वह रेडीमेड़ कपड़ो का धंधा करता था। रात को वह बाहर से आया था। वह अपने परिवार के साथ ऊपरी मंजिल के कमरे में सो रहा था। तभी अचानक एसी ब्लास्ट होने से पत्नी के आग लग गई। जिससे उसकी जल कर मौत हो गई है। मृतका के पिता मुस्ताक राईन निवासी छोटी कजरटी छतरपुर ने बताया कि उसने अपनी बेटी की शादी 2016 में की थी। शादी के बाद से पति दहेज में नगदी रूपया की मांग करता था। वर्ष 2020 में पांच लाख और वर्ष 2022 में पांच लाख रूपए दिए थे। दो माह पहले धंधा के लिए दस लाख रूपए की मांग कर रहे थे। न देने पर पति समेंत ससुराली जनो ने उसकी बेटी को मारपीट कर आग लगा कर मार डाला है। तहरीर पर पुलिस ने पति जमील,ससुर रफीक,सास फरीदा,ननद साजिया,नंदोई असलम,जमील के दो सगे भाई इमरान,इरफान, के खिलाफ आग से जला कर हत्या करने की रिपोर्ट दर्ज कराई थी। विगत दिनों पुलिस ने सास फरीदा,ननद साजिया को गिरफ्तार कर जेल भेजा था। वहीं ससुर रफीक महंगू निवासी पोडाबाग को भी गिरफ्तार कर लिया है। पकड़ने वाली टीम में निरीक्षक अपराध रामजीत गौड़,आरक्षी संतोष विश्कर्मा शामिल रहे।