जल जीवन मिशन के तहत संचालित ग्राम समूह पेयजल योजनाओं की समीक्षा करते हुए जिलाधिकारी ने अधिकारियों को पेयजल आपूर्ति निर्बाध रखने के निर्देश दिए। उन्होंने विद्युत आपूर्ति में आने वाली समस्याओं का तत्काल समाधान कराने और योजनाओं के संचालन व रखरखाव की लगातार निगरानी करने को कहा।
जिला पेयजल एवं स्वच्छता समिति की बैठक बुधवार को जिलाधिकारी कार्यालय स्थित महर्षि बामदेव सभागार में जिलाधिकारी अमित आसेरी की अध्यक्षता में हुई। बैठक में जल जीवन मिशन के तहत संचालित विभिन्न ग्राम समूह पेयजल योजनाओं की प्रगति और पेयजल आपूर्ति से जुड़ी समस्याओं की बिंदुवार समीक्षा की गई। खटान और अमलीकौर ग्राम समूह पेयजल योजनाओं में विद्युत आपूर्ति की समस्या के कारण प्रभावित हो रही पेयजल आपूर्ति पर जिलाधिकारी ने गंभीरता से संज्ञान लिया। उन्होंने विद्युत वितरण खंड ग्रामीण के एसडीओ को निर्देश दिए कि पेयजल योजनाओं से संबंधित बिजली आपूर्ति में किसी भी तरह की समस्या आने पर तत्काल समाधान कराया जाए। लापरवाही बरतने वाले लाइनमैन के खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई करने के भी निर्देश दिए। अधिकारियों और इंजीनियरों द्वारा दूरभाष पर संपर्क किए जाने के बावजूद फोन न उठाने की शिकायत पर भी जिलाधिकारी ने आवश्यक कार्रवाई के निर्देश दिए। उन्होंने अमलीकौर ग्राम समूह पेयजल योजना के पृथक विद्युत फीडर का काम प्राथमिकता से लेते हुए आगामी दो सप्ताह में पूरा कराने को कहा।
पुरानी पेयजल योजनाओं को लेकर जिलाधिकारी ने निर्देश दिया कि जल निगम और जल संस्थान के अधिकारी संयुक्त निरीक्षण करने के बाद ही संबंधित योजनाओं की सीलिंग की कार्रवाई करें। वहीं बांदा-बहराइच मार्ग से जुड़े विभिन्न कार्यों में जल निगम, विद्युत और वन विभाग के स्तर पर आ रही समस्याओं का संबंधित अधिकारी आपसी समन्वय से तीन दिन के भीतर समाधान सुनिश्चित करें। जिलाधिकारी अमित आसेरी ने जल जीवन मिशन के तहत ग्रामीण क्षेत्रों में नियमित, सुचारु और गुणवत्तापूर्ण पेयजल आपूर्ति सुनिश्चित करने पर जोर दिया। उन्होंने जल निगम ग्रामीण के सहायक अभियंता, जूनियर इंजीनियर और कार्यदाई संस्था के इंजीनियरों को योजनाओं के संचालन एवं रखरखाव की लगातार निगरानी करने और समस्या सामने आने पर समयबद्ध निस्तारण कराने के निर्देश दिए। अमलीकौर योजना की बिजली व्यवस्था पर विशेष निगरानी
अमलीकौर ग्राम समूह पेयजल योजना के लिए पृथक विद्युत फीडर का काम दो सप्ताह में पूरा कराने के निर्देश दिए गए हैं। इसका उद्देश्य विद्युत आपूर्ति की समस्या के कारण ग्रामीण क्षेत्रों में पेयजल आपूर्ति बाधित होने से रोकना है। विभागीय समन्वय से दूर होंगी समस्याएं
बैठक में जल निगम ग्रामीण, लोक निर्माण विभाग, विद्युत विभाग, जल संस्थान और राष्ट्रीय राजमार्ग विभाग के अधिकारियों ने हिस्सा लिया। अपर जिलाधिकारी नमामि गंगे सहित संबंधित विभागों के अधिकारी और अभियंता मौजूद रहे।