लगातार हो रही बारिश के बीच जिलाधिकारी ने प्रशासनिक अधिकारियों को जलभराव की समस्या पर तत्काल और प्रभावी कार्रवाई के निर्देश दिए हैं। उन्होंने कहा कि जहां भी जलभराव की स्थिति मिले, वहां संबंधित अधिकारी स्वयं मौके पर पहुंचकर निरीक्षण करें और समस्या का तत्काल निस्तारण कराएं। साथ ही निस्तारण के बाद प्रमाण-पत्र भी प्रस्तुत करना होगा। डीएम ने स्पष्ट किया कि लापरवाही बरतने वाले अधिकारियों की व्यक्तिगत जिम्मेदारी तय करते हुए उनके खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी।
जनपद में लगातार हो रही वर्षा को देखते हुए जिलाधिकारी अमित आसेरी ने सभी संबंधित विभागों के अधिकारियों को अलर्ट मोड में रहने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने कहा कि आमजन को जलभराव के कारण किसी प्रकार की असुविधा नहीं होनी चाहिए और राहत पहुंचाना प्रशासन की सर्वोच्च प्राथमिकता है।डीएम अमित आसेरी ने निर्देश दिए कि जहां भी जलभराव अथवा जलनिकासी की समस्या सामने आए, वहां संबंधित अधिकारी स्वयं स्थलीय निरीक्षण करें और तत्काल समाधान सुनिश्चित कराएं। समस्या का निस्तारण होने के बाद संबंधित अधिकारी प्रमाण-पत्र प्रस्तुत करेंगे कि क्षेत्र में जलभराव की स्थिति समाप्त कर दी गई है। नगर पालिका एवं अन्य स्थानीय निकायों के प्रभारी अधिकारियों को अधिशासी अधिकारियों से निस्तारण संबंधी प्रमाण-पत्र प्राप्त करने के निर्देश भी दिए गए हैं।ग्रामीण क्षेत्रों के लिए मुख्य विकास अधिकारी, संबंधित उप जिलाधिकारी तथा खंड विकास अधिकारियों को अपने-अपने क्षेत्रों में जलभराव की शिकायतों का तत्काल निस्तारण सुनिश्चित करने को कहा गया है। साथ ही ऐसी व्यवस्था बनाए रखने के निर्देश दिए गए हैं कि बारिश के दौरान किसी भी सड़क, मोहल्ले अथवा गांव में आवागमन बाधित न हो और लोगों को परेशानी का सामना न करना पड़े। जिलाधिकारी अमित आसेरी ने संवेदनशील एवं जलभराव संभावित क्षेत्रों की नियमित निगरानी करने तथा आवश्यक संसाधनों के साथ त्वरित कार्रवाई सुनिश्चित करने के निर्देश भी दिए। उन्होंने कहा कि जनहित से जुड़े कार्यों में किसी भी प्रकार की लापरवाही या उदासीनता बर्दाश्त नहीं की जाएगी। यदि किसी अधिकारी द्वारा निर्देशों की अनदेखी की गई या जलभराव की समस्या के समाधान में लापरवाही बरती गई तो उसकी व्यक्तिगत जिम्मेदारी तय करते हुए नियमानुसार कठोर कार्रवाई की जाएगी।