पेशेवर अपराधियों की फर्जी जमानत लेने के मामले में बाँदा पुलिस ने बड़ी कार्यवाही की है। पुलिस ने रिटायर्ड प्रधानाध्यापक को पकड़ा है। अपराधियों की जमानत लेते-लेते मास्टर साहब याददाश्त तक गुम हो गई है। एक हजार से अधिक अपराधियों की वह जमानत ले चुके हैं। गिरफ्तार करने के बाद पुलिस ने शिक्षक को जेल भेज दिया है।
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के निर्देशन पर अपराधियों की फर्जी जमानत लेने वालों के विरुद्ध प्रदेश के जनपदों में लगातार कार्यवाही जारी है। ऑपरेशन शिकंजा के तहत को पुलिस उपमहानिरीक्षक चित्रकूटधाम परिक्षेत्र बांदा राजेश एस0 के निर्देशन के डायरेक्शन पर रेंज के सभी जनपदों में फर्जी जमानतदारों की पड़ताल लगातार जारी है। परिक्षेत्र के चारों जनपदों में अब तक दर्जनों पेशेवर जमानत दारो के विरुद्ध दर्जनों मुकदमे कायम हो चुके हैं। कार्यवाही के क्रम में पुलिस अधीक्षक बांदा पलाश बंसल के निर्देशन पर तथा अपर पुलिस अधीक्षक शिवराज,क्षेत्राधिकारी सदर राजवीर सिंह गौर के पर्यवेक्षण में थाना तिन्दवारी पुलिस द्वारा फर्जी जमानतदारों पर बड़ी कार्यवाही करते हुए रिटायर्ड शिक्षक को पकड़ा है। एसपी पलाश बंसल ने बताया कि विगत 12 नवंबर को थाना तिन्दवारी पर कार्यरत उप निरीक्षक शिवकरन सिंह द्वारा फर्जी जमानत लेने के सम्बन्ध में अभियुक्त बलवीर,दिनांक 13.11.2025 को थाना स्थानीय पर कार्यरत उप निरीक्षक दिनेश कुमार सिंह द्वारा फर्जी खसरा,खतौनी देकर जमानत लेने के सम्बन्ध में अभियुक्त शिवस्वरुप व 20.11.2025 को थाना तिन्दवारी क्षेत्र के रहने वाले राम सिंह ने थाना स्थानीय दिए गए प्रार्थना पत्र में बताया कि मेरे नाम का फर्जी आधार कार्ड,खसरा खतौनी व फर्जी फोटो लगाकर कुछ अज्ञात व्यक्तियों द्वारा कूटरचित तरीके से एनडीपीएस के अभियुक्त की न्यायालय में जमानत ली गई है। इस संबन्ध में थाना तिन्दवारी पर क्रमश: मु0अ0सं0 274/25,280/25 व 285/25 पंजीकृत किया गया था। कार्यवाही के क्रम में पुलिस द्वारा तकनीकी साक्ष्यों,अभिसूचना संकलन,अभिलेखो के सत्यापन व मुखबिर खास की सूचना पर मुख्य अभियुक्त शिवस्वरुप उर्फ मास्टर को इन्द्रा नगर थाना कोतवाली नगर के पास से गिरफ्तार किया गया।पुलिस द्वारा कड़ाई से पूछताछ करने पर शिक्षक
शिवस्वरुप उर्फ मास्टर पुत्र शिवलाल निवासी ग्राम भिंडौरा थाना तिन्दवारी के द्वारा बताया
गया कि अब तक उनके द्वारा फर्जी व कूटरचित तरीके से खसरा-खतौनी,आधार कार्ड व अन्य फर्जी परिपत्र का प्रयोग कर लगभग 01 हजार से अधिक अपराधियों की मुकदमों में जमानत ली गई है । साथ ही बताया कि वह और उनके साथियों द्वारा फर्जी परिपत्र लगाकर जनपद बांदा सहित अन्य कई जनपदों में भी जमानत ली गई है। अभियुक्त वर्ष 2018 में प्राथमिक विद्यालय पुरैनिया थाना कालिंजर से प्रधानाध्यापक के पद से रिटायर्ड हुआ था। गिरफ्तार करने के बाद अभियुक्त को जेल भेज दिया गया है। पकड़ने वाली टीम में प्रभारी निरीक्षक दीपेंद्र सिंह,उप निरीक्षक
शिवकरन सिंह,दिनेश सिंह,राम आधार रावत,आरक्षी बृजेश कुमार शामिल रहे।