मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने केंद्रीय सुरक्षा बलों पर गंभीर आरोप लगाए हैं। उन्होंने दावा किया कि मतदान के दौरान उनके समर्थकों के साथ अत्याचार हुआ है और लोकतंत्र की मूल भावना को चोट पहुंचाई जा रही है।
पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव 2026 के दूसरे चरण के मतदान के बीच सियासी माहौल और ज्यादा गरमा गया है। तृणमूल कांग्रेस (टीएमसी) प्रमुख और मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने केंद्रीय सुरक्षा बलों पर गंभीर आरोप लगाते हुए केंद्रीय बलों पर गंभीर आरोप लगाए हैं। उन्होंने दावा किया कि मतदान के दौरान उनके समर्थकों के साथ अत्याचार हुआ है और लोकतंत्र की मूल भावना को चोट पहुंचाई जा रही है। मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने कहा कि “कल रात से ही अत्याचार शुरू हो गए और हमारे कई लोगों को गिरफ्तार कर लिया गया। उन्होंने महिलाओं और बच्चों को भी नहीं बख्शा है। यह अदालत की अवमानना है। मैंने इस तरह का लोकतंत्र कभी नहीं देखा। तृणमूल कांग्रेस चुनाव जीत रही है। सीआरपीएफ इस तरह लोगों को प्रताड़ित नहीं कर सकती। किसी भी बूथ पर राज्य पुलिस नजर नहीं आ रही है, सब कुछ उन्होंने अपने कब्जे में ले लिया है। उन्हें सीमाओं की सुरक्षा करनी चाहिए, लेकिन इसके बजाय वे एक राजनीतिक दल को फायदा पहुंचाने में लगे हैं। मैंने 1984 से चुनाव लड़ा है, लेकिन इस तरह के अत्याचार पहले कभी नहीं देखे। ममता ने आगे कहा कि मैं 1984 से चुनाव लड़ रही हूं और इस बार इतना अत्याचार हो रहा है… इन्होंने महिलाओं, बच्चों को मारा… राणाघाट, कल्याणी, आरमबाग, घोघाट, कैनिंग, इन सभी जगहों पर इन्होंने हमारे एजेंट को बाहर कर दिया। क्या यह स्वतंत्र और निष्पक्ष चुनाव है? इसी बीच पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने एक मतदान केंद्र पर मतदान किया। वोटिंग के बाद केंद्र सरकार और सुरक्षा बलों पर गंभीर आरोप लगाए हैं।