अविवाहित युवती द्वारा स्वस्थ बालक को जन्म देने के बाद किन्हीं परिस्थितियों के चलते बच्चे को अपने पास रखने में असमर्थता जताई गई। परिजनों की सहमति से नवजात का समर्पण किया गया। सूचना मिलते ही पुलिस ने अस्पताल पहुंचकर बच्चे को सुरक्षित संरक्षण में लिया और चाइल्ड हेल्पलाइन सहित संबंधित संस्थाओं को जानकारी दी।
जनपद के बबेरू क्षेत्र के एक गांव की रहने वाली 20 वर्षीय अविवाहित युवती ने मंगलवार को सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र बबेरू में एक स्वस्थ बालक को जन्म दिया। प्रसव के बाद युवती और उसके परिजनों ने किन्हीं परिस्थितियों के चलते नवजात को अपने पास रखने में असमर्थता जताई और बच्चे का समर्पण कर दिया। सीएचसी से मेमो मिलने के बाद बबेरू पुलिस तत्काल मौके पर पहुंची और नवजात को सुरक्षित कब्जे में लिया। पुलिस ने मामले की जानकारी चाइल्ड हेल्पलाइन को दी। नवजात को आवश्यक चिकित्सकीय देखभाल के लिए जिला अस्पताल बांदा शिफ्ट कराया जा रहा है। बाल कल्याण समिति समेत मामले से संबंधित सभी संस्थाओं को भी सूचना दे दी गई है। बच्चे की सुरक्षा और देखभाल को देखते हुए संबंधित विभागों द्वारा आगे की प्रक्रिया पूरी की जा रही है। जेेजे एक्ट के तहत होगी आगे की कार्रवाई
अधिकारियों के अनुसार नवजात के समर्पण से संबंधित सभी आवश्यक कार्रवाई किशोर न्याय अधिनियम के प्रावधानों के तहत नियमानुसार की जा रही है। बाल कल्याण समिति के समक्ष बच्चे से संबंधित आगे की प्रक्रिया पूरी की जाएगी। नवजात की सुरक्षा प्राथमिकता
अपर पुलिस अधीक्षक बांदा शिवराज ने बताया कि सूचना मिलते ही पुलिस ने मौके पर पहुंचकर नवजात को सुरक्षित संरक्षण में लिया। चाइल्ड हेल्पलाइन और बाल कल्याण समिति सहित संबंधित संस्थाओं को सूचना दी गई है। नवजात की सुरक्षा और देखभाल को प्राथमिकता देते हुए नियमानुसार कार्रवाई की जा रही है।