तमंचे से जानलेवा हमला करने के मामले में अदालत ने अभियुक्तों को दोषी करार देते हुए 10-10 साल की सजा सुनाई है। साथ ही जुर्माना भी लगाया है।
पुलिस महानिदेशक उत्तर प्रदेश के निर्देशन में चलाये जा रहे अभियान“ऑपरेशन कन्विक्शन” के तहत कड़ी सजा दिलाये जाने के क्रम में पुलिस अधीक्षक बांदा पलाश बंसल के कुशल निर्देशन में वर्ष-2020 में थाना कमासिन क्षेत्रान्तर्गत ग्राम साडासानी में व्यक्ति को जान से मारने की नियत से अवैध तमंचे से फायर कर घायल करने वाले दो अभियुक्तों को सश्रम कारावास व जुर्माने से दण्डित कराया गया।अपर पुलिस अधीक्षक शिवराज ने बताया कि दिनांक 04.09.2020 को थाना कमासिन क्षेत्रान्तर्गत ग्राम साडासानी के रहने वाले रज्जू व कामता द्वारा गांव के ही में विनोद को जान से मारने की नियत से अवैध तमंचे से फायर कर घायल कर दिया था। जिसके संबंध में वादी की तहरीर पर थाना कमासिन में मु0अ0सं0 90/20 धारा 307 भादवि पंजीकृत किया गया था। जिसकी विवेचना उप निरीक्षक सैफुद्दीन खान द्वारा सम्पादित की गयी थी। विवेचक द्वारा प्रभावी विवेचना करते हुए अभियुक्त रज्जू पुत्र राजकुमार निवासी साडासानी थाना कमासिन,कामता उर्फ लोदी पुत्र रामेश्वर निवासी साडासानी थाना कमासिन
को गिरफ्तार कर घटना में प्रयुक्त तमंचा बरामद कर थाना कमासिन पर मु0अ0सं0 91/20 धारा 3/25 आर्म्स एक्ट का अभियोग पंजीकृत करते हुए आरोप पत्र मा0 न्यायालय प्रेषित किया गया था। लोक अभियोजक सुशील कुमार तिवारी द्वारा न्यायालय में प्रभावी पैरवी की गई। साथ ही कोर्ट मोहर्रिर आरक्षी नितीश कुमार तथा पैरोकार आरक्षी पुरुषोत्तम के अथक प्रयासों से दोनों अभियुक्तों को सत्र न्यायालय बांदा द्वारा 10-10 वर्ष के सश्रम कारावास व 05-05 हजार रुपये के अर्थदण्ड से दण्डित किया गया।