घर में अकेली युवती ने कमरे के बरामदे में पंखे की हुक से दुपट्टे के सहारे फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली। काफी देर बाद पानी लेने पहुंचे पिता की नजर शव पर पड़ी तो घर में चीख-पुकार मच गई। सूचना पर पहुंची पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पंचनामा की कार्रवाई के बाद पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया।
बांदा के गिरवां थाना क्षेत्र के महुआ गांव निवासी रामसहाय के मुताबिक उनकी 19 वर्षीय पौत्री ममता पुत्री खुमेश रविवार दोपहर घर पर अकेली थी। उसकी मां शिवदुलारी अपनी बेटी के साथ अतर्रा सत्संग में गई थी। इसी दौरान ममता ने घर के बरामदे में पंखे की हुक से दुपट्टे के सहारे फांसी लगा ली। पानी लेने पहुंचे पिता तो हुई जानकारी
बताया गया कि काफी देर बाद दोनों आंखों से दिव्यांग खुमेश पानी लेने के लिए अंदर गए। इसी दौरान उनका शरीर फंदे पर लटक रही बेटी से टकरा गया। इसके बाद उन्होंने घरवालों को घटना की जानकारी दी। युवती की मौत की खबर मिलते ही परिवार में कोहराम मच गया। दो बहनों में सबसे छोटी थी ममता
मृतका के बाबा रामसहाय ने बताया कि ममता दो बहनों में सबसे छोटी थी। परिवार में किसी तरह का विवाद नहीं हुआ था। उसने फांसी क्यों लगाई, इसका कारण स्पष्ट नहीं हो सका है। पुलिस मामले की जांच कर रही है।