चार साल पहले नाबालिक बेटी के साथ दुराचार किए जाने के मामले में न्यायालय ने कलयुगी पिता को 20 साल की सजा सुनाई है। इसके साथ ही 11 हजार का जुर्माना भी लगाया है।
“आपरेशन कन्विक्शन” के तहत कड़ी सजा दिलाये जाने के क्रम में पुलिस अधीक्षक पलाश बंसल के निर्देशन में वर्ष-2020 में थाना गिरवां क्षेत्र अन्तर्गत एक गांव में घर में अपनी 15 वर्षीय पुत्री से दुष्कर्म करने वाले अभियुक्त पिता को 20 वर्ष के कठोर कारावास व जुर्माने से दण्डित कराया गया। एसपी पलाश बंसल ने बताया कि विगत 9 फरवरी 2020 की सुबह थाना गिरवां क्षेत्र अन्तर्गत एक गांव के रहने वाले अभियुक्त छोटा पुत्र कोतन ने अपनी 15 वर्षीय नाबालिग पुत्री से घर के अन्दर दुष्कर्म की घटना को अंजाम दिया था। घटना के समय पीड़िता की मां काम करने कहीं गई थी। इस सम्बन्ध में पीड़िता की मां की तहरीर पर थाना गिरवां पर अभियोग मु0अ0सं0 23/2020 धारा 376/323/506 भादवि व 3/4 पॉक्सो एक्ट के तहत मुकदमा कायम किया गया था। जिसकी विवेचना तत्कालीन प्रभारी निरीक्षक शशि कुमार पाण्डेय द्वारा सम्पादित की गयी थी। विवेचना के क्रम में विवेचक द्वारा प्रभावी विवेचना करते हुए दिनांक 20.03.2020 को आरोप पत्र न्यायालय में प्रेषित किया गया था। लोक अभियोजक कमल सिंह गौतम द्वारा न्यायालय में प्रभावी पैरवी की गई। साथ ही कोर्ट मोहर्रिर आरक्षी जितेन्द्र कुमार व आरक्षी गौरव दिवाकर तथा पैरोकार आरक्षी प्रदीप सतोइया के अथक प्रयासों से अभियुक्त को न्यायालय स्पेशल जज पॉक्सो एक्ट के द्वारा 20 वर्ष के कठोर कारावास व 11 हजार रुपये के अर्थदण्ड से दण्डित किया गया है।







