महिला को रुपये लेकर दूसरे व्यक्ति के हाथ बेचने और जबरन विवाह कराने के मामले में पुलिस ने एक और आरोपी को गिरफ्तार किया है। पुलिस के अनुसार महिला को 1.38 लाख रुपये में बेचकर हरियाणा में उसका दूसरा विवाह कराया गया था। मामले में तीन आरोपियों को पूर्व में गिरफ्तार कर जेल भेजा जा चुका है।
चित्रकूट जनपद की रहने वाली पीड़िता ने 22 नवंबर 2025 को थाना एंटी ह्यूमन ट्रैफिकिंग यूनिट बांदा में प्रार्थनापत्र देकर आरोप लगाया था कि 20 नवंबर 2025 को उसकी मां मुन्नी और भाई जयनारायण उसे बांदा लेकर आए। आरोप है कि यहां उसे हरियाणा निवासी कृष्ण कुमार पुत्र शिवराम को 1.38 लाख रुपये में बेच दिया गया और उसकी जबरन शादी करा दी गई। पीड़िता के अनुसार वह पहले से ही शादीशुदा थी। मामले की संवेदनशीलता को देखते हुए एंटी ह्यूमन ट्रैफिकिंग यूनिट ने संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज कर विवेचना शुरू की। विवेचना के दौरान पीड़िता के विस्तृत बयान, भौतिक एवं तकनीकी साक्ष्यों तथा अन्य तथ्यों के आधार पर आरोपियों की तलाश की जा रही थी। इसी क्रम में मुखबिर की सूचना पर पुलिस टीम ने मध्यस्थ की भूमिका निभाने के आरोपी प्रेमचन्दर पुत्र लल्लू निवासी सोनहुली, थाना बबेरू को गिरफ्तार कर लिया।
पुलिस के मुताबिक घटना से जुड़े मानव तस्करी के नेटवर्क की अन्य कड़ियों की भी गहनता से जांच की जा रही है। पहले तीन आरोपी भेजे जा चुके जेल
मामले में जगनारायण उर्फ जयनारायण पुत्र मुन्नीलाल निवासी डाड़ी चमरौड़ी, थाना मानिकपुर, चित्रकूट, कृष्ण कुमार पुत्र शिवराम निवासी ग्राम वासवार, थाना हसनपुर, तहसील होडल, जिला पलवल, हरियाणा और बलराम पुत्र राजेन्द्र निवासी ग्राम बड़ोकी, थाना हसनपुर, जिला पलवल, हरियाणा को पुलिस पहले ही गिरफ्तार कर जेल भेज चुकी है। गिरफ्तार करने वाली टीम में यह रहे शामिल
थाना एएचटी प्रभारी निरीक्षक अनिल कुमार, कांस्टेबल महेश, कांस्टेबल दिलीप और महिला कांस्टेबल रचना की टीम ने आरोपी को गिरफ्तार किया। कार्रवाई पुलिस अधीक्षक पलाश बंसल के निर्देशन में की गई। मानव तस्करी नेटवर्क की जांच जारी
पुलिस का कहना है कि महिला को बेचने और जबरन विवाह कराने की घटना से जुड़े पूरे नेटवर्क की कड़ियों की जांच की जा रही है। विवेचना में सामने आने वाले तथ्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।